राजस्थान शिक्षा विभाग ने सुनाया बड़ा फैसला: पहली से 12वीं तक के डेढ़ करोड़ छात्रों को देनी होगी परीक्षा, बिना परीक्षा नहीं होंगे प्रमोट

indiareporterlive
शेयर करे

कोरोनाकाल में शिक्षा विभाग का बड़ा निर्णय, अभिभावकों की जिम्मेदारी बढ़ी

1.10 लाख स्कूलों के 1.50 करोड छात्रों पर पड़ेगा असर

विद्यार्थियों के अध्ययन को निरंतन बनाए रखने के लिए शिक्षा विभाग की नई पहल आओ घर में सीखें अभियान शुरू

इंडिया रिपोर्टर लाइव

जयपुर 20 नवम्बर 2020। कोरोना के कारण स्कूल नहीं खुलने से पढ़ाई को लेकर लापरवाही बरत रहे बच्चों को अब गंभीर हो जाना चाहिए। क्योंकि सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि इस साल सभी कक्षाओं की परीक्षा होगी। बिना परीक्षा प्रमोट नहीं किया जाएगा। शिक्षा विभाग के निर्णय के बाद अब अभिभावकों की भी जिम्मेदारी बढ़ गई है।

घर पर बच्चों को परीक्षा की उसी तरह से तैयारी कराएं, जिस तरह से वे कोरोनाकाल से पहले कराते थे। इस निर्णय से लगता है कि इस साल जीरो सेशन होने की संभावना नहीं है। शिक्षा विभाग ने पिछले दिनों एक आदेश जारी कर कहा था कि कक्षा 1 से 9 तक और 11वीं के विद्यार्थियों को बिना परीक्षा क्रमोन्नत नहीं किया जाएगा।

इन कक्षाओं के अलावा दसवीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा होगी। यानी पहली से बारहवीं तक सभी कक्षाओं की इस सत्र में परीक्षा होगी। शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों के लिए तो आओ घर में सीखें अभियान भी शुरू कर दिया है। जिसमें बच्चों को स्पष्ट निर्देश है कि उन्हें विभाग की ओर से भेजे जाने वाले वीडियो को देखना होगा। साथ ही वीडियो के आधार पर तैयार कार्य पुस्तिकाओं को भी स्कूल से प्राप्त कर उन्हें पूर्ण कर अपने अध्यापक को जमा कराएं।

वीडियो नहीं तो किताबों से करें पढ़ाई 

सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में ऐसे विद्यार्थी है जिनके पास ऑनलाइन पढ़ाई के साधन नहीं है। इन विद्यार्थियों की पढ़ाई को लेकर शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जिन बच्चों के पास वीडियो नहीं पहुंच पा रहा है, या वे शिक्षा वाणी से पढ़ाई नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे विद्यार्थी किताबों से अपना अध्ययन जारी रखे। ताकि परीक्षा के समय कोई परेशानी नहीं आए।

1.10 लाख स्कूलों के 1.50 करोड विद्यार्थियों पर पड़ेगा असर 

सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के 65 हजार सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले 80 लाख विद्यार्थियों और शिविरा पंचांग के अनुसार संचालित व राजस्थान बोर्ड से संबद्धता प्राप्त 45 हजार निजी स्कूलों के करीब 70 लाख विद्यार्थी प्रभावित होंगे। इन विद्यार्थियों को परीक्षा देनी होगी और चालू सत्र में बिना परीक्षा प्रमोट नहीं हो सकेंगे।

विद्यार्थियों के अध्ययन को निरंतन बनाए रखने के लिए शिक्षा विभाग ने नई पहल की है। उनको लिए आओ घर में सीखें अभियान शुरू किया गया है, ताकि बच्चे घर बैठे पढ़ाई सुचारू रख सके। विद्यार्थियों की परीक्षा ली जाएगी। कक्षा 1 से 9 और 11वीं के विद्यार्थियों को प्रमोट नहीं किया जाएगा।

Leave a Reply

Next Post

मंत्री मंडलीय उप समिति की बैठक में शांति नगर पुर्नविकास योजना पर बनी सहमति

शेयर करेकेबिनेट की बैठक में होगी अनुशंसा इंडिया रिपोर्टर लाइव रायपुर 20 नवम्बर 2020। राजधानी रायपुर के शांति नगर पुर्नविकास योजना पर मंत्री मंडलीय उप समिति की बैठक में सहमति प्रदान की गयी है। इसकी अनुशंसा केबिनेट की आगामी बैठक में होगी। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल द्वारा प्रस्तावित पुर्नविकास योजना […]

You May Like

'जो देश का नागरिक नहीं, उसे बाहर करेंगे', घुसपैठियों को लेकर अमित शाह का राहुल गांधी पर हमला....|....जेल से छूटे, फांसी घर विवाद में लटके केजरीवाल, भाजपा ने केजरीवाल को 'अराजक' करार दिया....|....'जब तक लोगों के साथ अन्याय होता रहेगा, तृणमूल संघर्ष करती रहेगी', बोले अभिषेक बनर्जी....|....ईरान पर अमेरिका-इस्राइल हमले को लेकर कांग्रेस का केंद्र पर हमला, स्पेन के पीएम के बयान की तारीफ की....|....‘द केरल स्टोरी 2’ पर राहुल गांधी ने कसा तंज, मनोज तिवारी की पत्नी ने दिया जवाब; बोलीं- ‘समाज को आईना दिखा रही’....|....अब पश्चिम एशिया में मेरोप्स सिस्टम तैनात करेगा अमेरिका, ईरानी ड्रोन से बचाव की तैयारी तेज....|....‘किस्सा कोर्ट कचहरी का’ में संजीव जयसवाल का दमदार अवतार....|....₹2550 मिलियन के फ्रेश इश्यू के साथ बाजार में उतरेगी इनोविजन लिमिटेड....|....ग्लैमर से आगे बढ़कर पावर ड्रेसिंग में छाईं काशिका कपूर....|....सोनिया गांधी ने खामेनेई की हत्या पर सरकार पर किया तीखा हमला, कहा- संसद में इस पर चर्चा होनी चाहिए