बाणसागर डैम से छोड़ा गया 2.65 लाख क्यूसेक पानी, बराज के 15 गेट खुले

इंडिया रिपोर्टर लाइव
औरंगाबाद, 27 सितंबर 2026। बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान अर्णव के असर से सोननद, उत्तरी कोयल, गोपद, बिरजू तथा कनहर नदी के कैचमेंट एरिया में लगातार बारिश हो रही है। बारिश के कारण इन नदियों के जलस्तर में वृद्धि हुई है। इसी के बाद मध्य प्रदेश के बाणसागर डैम से शनिवार को सोन नदी में 2.65 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। वहीं, मौसम विभाग ने ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में अभी और भारी बारिश की संभावना जताई है। संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए जल संसाधन विभाग ने अलर्ट जारी किया है।
बाढ़ से जनधन-पशुधन की हानि रोकने के लिए तटीय और सोनडिला के नागरिकों को अलर्ट
सोन बराज अवर प्रमंडल, इंद्रपुरी के अवर प्रमंडल पदाधिकारी ईं. संजय कुमार झा ने शनिवार की शाम बताया कि सोन नदी में संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए सभी कनीय अभियंताओं को निर्देश दिया गया है कि वे अपने कार्यक्षेत्र में स्थानीय प्रशासन, जागरूक एवं संवेदनशील नागरिकों तथा सूचना प्रसार माध्यमों के जरिए निचले इलाकों और सोनडिला पर रहने वाले नागरिकों को संभावित आपदा के प्रति सावधान करें। इसका उद्देश्य जनधन, पशुधन आदि के नुकसान से बचाव करना है।
बाणसागर डैम से सोन नदी में छोड़ा गया 2.65 लाख क्यूसेक पानी
अवर प्रमंडल पदाधिकारी ने बताया कि बंगाल की खाड़ी में उठे अर्णव तूफान के कारण सोन नदी और सोन में मिलने वाली अन्य नदियों के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में लगातार बारिश हो रही है। साथ ही मौसम विभाग ने अभी और बारिश होने की संभावना जताई है।
जलस्तर बढ़ने पर सोन बराज के 15 गेट खोले
इस स्थिति में सोन बराज के जलस्तर में भी लगातार वृद्धि हो रही है। इस वजह से अतिरिक्त पानी को सोन नदी में बहाया जा रहा है। इसके लिए सोन बराज के 69 में से 15 गेट खोल दिए गए हैं। वहीं, सोन बराज में 355 फीट वाटर लेवल बना हुआ है। बराज में अभी 55,805 क्यूसेक पानी उपलब्ध है, जिसमें से सोन नहरों में 46,376 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। यदि जलस्तर में और वृद्धि होती है तो सोन बराज के और गेट खोलकर अतिरिक्त पानी को सोननद में बहाया जा सकता है। इस स्थिति में सोन तटीय इलाकों में बाढ़ का पानी फैलने का खतरा बना हुआ है। इसी कारण सोन नदी के तटवर्ती इलाकों और सोनडिला पर रहने वाले नागरिकों को अलर्ट किया गया है।


