लखीमपुर हिंसा: मृतकों के परिवारों को 45-45 लाख रुपये और सरकारी नौकरी, इन 4 शर्तों पर हुआ समझौता

Indiareporter Live
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

लखनऊ 04 अक्टूबर 2021 । लखीमपुर खीरी में रविवार को किसानों के उपद्रव के बाद भड़की हिंसा में चार किसानों सहित आठ लोगों की मौत के बाद अब मामला शांत हो रहा है। किसान नेताओं तथा लखीमपुर जिला प्रशासन के बीच में कई बिंदुओं पर समझौता होने के बाद किसान नेता चार मृतक किसानों का अंतिम संस्कार करने पर राजी हो गए हैं। इसके साथ ही केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी ने मांग की है कि सभी मृतक भाजपा कार्यकर्ताओं के आश्रितों को 50-50 लाख रुपया की आर्थिक सहायता दी जाए। उनके बेटा इस मामले में निर्दोष है, जांच में सच सामने आ जाएगा।

लखीमपुर खीरी में रविवार के चल रहे बवाल के बाद सोमवार को किसान नेताओं तथा जिला प्रशासन के बीच इनकी मांगों को लेकर सहमति बन गई है। सोमवार को चार चरण की बैठक के बाद किसान और प्रशासन के बीच बैठक में दोनों पक्ष के बीच सहमति बनी। किसान नेताओं और अधिकारियों के बीच वार्ता के बाद समझौता हो गया है। अब सरकार की तरफ से मृतकों के स्वजन को 45-45 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इसके साथ घायलों को दस-दस लाख रुपया दिया जाएगा। मृतक के आश्रितों के परिवार के एक-एक सदस्य को नौकरी तथा आरोपितों की आठ दिन के अंदर गिरफ्तारी के भरोसे पर समझौता हो गया है। इसके साथ ही हिंसा के इस प्रकरण की जांच हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज से कराई जाएगी।

गृह राज्य मंत्री ने कहा-जांच में सारा सच आ जाएगा सामने

उधर लखीमपुर से भारतीय जनता पार्टी के सांसद तथा केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने कहा कि हिंसा के दौरान मेरा बेटा वहां मौजूद नहीं था। इस बात का सच जांच के बाद सभी के सामने आ जाएगा। मंत्री ने कहा कि मैं मांग करता हूं कि रविवार को हिंसा में मारे गए प्रत्येक भाजपा कार्यकर्ता के परिवारों को 50-50 लाख रुपये दिए जाएं। मामले की या तो सीबीआई, एसआईटी या किसी मौजूदा/सेवानिवृत्त न्यायाधीश से जांच कराकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं पर लाठियों और तलवारों से हमला किया गया और उनकी हत्या कर दी गई। वीडियो में दिख रहा है कि कुछ हमलावरों ने हमारे कार्यकर्ताओं से यह कहने को कहा कि मैंने उनसे किसानों को कुचलने के लिए कहा था। मेरे बेटे पर लगाए आरोप पूरी तरह से निराधार हैं। अगर वह वहां होता तो उसकी हत्या कर दी जाती।

हिंसा के मामले की जांच करेगी एसटीएफ

लखीमपुर खीरी में रविवार शाम किसानों और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच हुए हिंसक झड़प की जांच अब एसटीएफ करेगी। एसटीएफ सोमवार शाम से ही जांच अपने हाथ में ले लेगी। पुलिस ने हिंसा के बाद वायरल वीडियो से 24 लोगों की शिनाख्त की है। इनमें से सात लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पूछताछ कर रही है। इससे पहले पूरे मामले में पुलिस ने केन्द्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा समेत 14 लोगों के खिलाफ हत्या, आपराधिक साजिश और बलवा सहित कई धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली।

Leave a Reply

Next Post

मुंद्रा पोर्ट पर ड्रग्स की महाजब्ती की 9 जून को ही हुई थी तैयारी, NIA कर सकती है जांच

शेयर करे इंडिया रिपोर्टर लाइव नई दिल्ली 04 अक्टूबर 2021। बीते 15 सितंबर को बड़े पैमाने पर मुंद्रा बंदरगाह से नशीली दवाओं को जब्त किया गया था। यह जब्ती राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) की एक सघन जांच का परिणाम थी। इससे पहले 9 जून को कच्छ बंदरगाह पर ड्राई रन किया गया था। 14-15 […]

You May Like

मायावती ने मस्जिदों के ध्वस्तीकरण पर उठाए सवाल, बोलीं-सरकार तुरंत रोके अभियान....|....दर्द का इलाज कराने गई महिला की 15 दिन बाद मौत....|....ब्यौहारी में गौशाला की मांग पर बवाल....|....जन्मअष्टमी पर बांके बिहारी मंदिर के डिस्प्ले बोर्ड पर दिखी ऊर्दू की आयतें, हिन्दू संगठनों की आपत्ति....|....पानी का पाउच उधार नहीं दिया तो भड़का युवक....|....लंदन स्क्वैश क्लासिक: क्वार्टर फाइनल में हारकर बाहर हुईं अनाहत सिंह....|....सोने में तेजी का दौर अभी नहीं थमेगा....|....अर्जुन रामपाल: अभिनेता ने 'ओ साथी रे' को लेकर दी अपडेट....|....अवैध प्रवासियों को डिपोर्ट करेंगे यूरोपीय देश....|....सैन्य परिसर के अंदर जोरदार विस्फोट, 10 की मौत, 60 से ज्यादा घायल