अमेरिकी विदेश विभाग का आरोप, यूक्रेन के खिलाफ रासायनिक हथियारों का इस्तेमाल कर रहा है रूस

शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

वांशिगटन 02 मई 2024। रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध जारी है। इस बीच बुधवार को संयुक्त राज्य अमेरिका ने रूस पर यूक्रेन के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय रसायनिक हथियार प्रतिबंध का उल्लंघन करने का आरोप लगया। अमेरिका का कहना है कि रूस ने यूक्रेनी सैनिकों के खिलाफ चोकिंग एजेंट क्लोरोपिक्रिन को तैनात किया है। अमेरिका ने रूस पर यूक्रेन में दंगा नियंत्रण एजेंटों को इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है। बता दें, क्लोरोपिक्रिन को रासायनिक हथियार निषेध संगठन (ओपीसीडब्ल्यू) ने प्रतिबंधित चोकिंग एजेंट के रूप में सूचीबद्ध किया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने एक बयान में बताया कि रूसी सेना यूक्रेनी सेनाओं को उनके गढ़ से हटाने के लिए ऐसे रसायनों का इस्तेमाल कर रही है। दरअसल, हाल ही में एक मीडिया रिपोर्ट ने यूक्रेनी सेना के हवाले से कहा था कि रूस ने एजेंटों के अवैध उपयोग को बढ़ा दिया है। यूक्रेनी सेना का कहना है कि रूस क्लोरोपिक्रिन के अलावा, सीएस और सीएन गैसों से भरे ग्रेनेड का भी इस्तेमाल कर रहा है। 

रूस-यूक्रेन युद्ध कैसे शुरू हुआ था? 
23 फरवरी 2022 की रात रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन के खिलाफ सैन्य ऑपरेशन का एलान किया। चंद घंटे बाद यानी 24 फरवरी की तड़के सुबह अचानक यूक्रेन की राजधानी कीव और आसपास के शहरों में हवाई हमले होने लगे। रूस के इस हमले से पूरी दुनिया में हड़कंप मच गया। उधर यूक्रेन ने भी जवाबी कार्रवाई शुरू की। 

युद्ध के शुरू होने के साथ शुरू हो गया दुनिया का दो धड़ों में बंटना। यूक्रेन का साथ देने के लिए नाटो सदस्य देश खड़े हो गए तो अमेरिका, ब्रिटेन, पोलैंड, फ्रांस समेत कई देशों ने युद्ध से बाहर रहते हुए इसको मदद पहुंचानी शुरू कर दी। दूसरी ओर चीन, दक्षिण कोरिया, ईरान जैसे देश प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से रूस के साथ खड़े हैं। भारत की बात करें तो इसने किसी का पक्ष नहीं लिया। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा है कि भारत सार्वजनिक रूप से इस युद्ध की समाप्ति के लिए प्रतिबद्ध है।

Leave a Reply

Next Post

चांद पर बर्फ मौजूद होने की संभावना और बढ़ी, इसरो ने बताया- अध्ययन में सामने आए पुख्ता साक्ष्य

शेयर करे इंडिया रिपोर्टर लाइव नई दिल्ली 02 मई 2024। एक अध्ययन में चंद्रमा के ध्रुवीय गड्ढों (पोलर क्रेटर्स) में बर्फ होने की संभावना के अधिक पुख्ता साक्ष्य सामने आए हैं। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने इसकी जानकारी दी है। स्पेस एप्लीकेशन सेंटर (एसएसी)/इसरो के वैज्ञानिकों ने आईआईटी कानपुर, […]

You May Like

परिसीमन और एसआईआर पर रार: खरगे ने की सर्वदलीय बैठक की मांग....|....बस्तर दशहरे में पूरी हुई निशा जात्रा की रस्म....|....कोरबा में आईटीआई छात्र की आत्महत्या से मचा हड़कंप....|....रामानुजगंज छठ घाट पर नहाते समय गहरे पानी में समाया किशोर....|....50 करोड़ का 100 क्विंटल गांजा जब्त, 501 आरोपी गिरफ्तार....|....महाकाल की नगरी से दिग्विजय सिंह की ‘सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा’ शुरू....|....राज्य वन सेवा मुख्य परीक्षा की फाइनल आंसर-की जारी....|....पीरागढ़ी में बहुमंजिला इमारत में भीषण आग....|....विजयादशमी पर सीएम योगी ने गुरु गोरखनाथ का किया विशेष पूजन....|....बवासीर की समस्या बढ़ा सकती हैं आपकी ये गलतियां