
इंडिया रिपोर्टर लाइव
नई दिल्ली 17 अप्रैल 2026। संयुक्त राष्ट्र में भारत ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच समुद्री रास्तों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता। होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर भारत ने गंभीर चिंता जताई और कहा कि यहां से गुजरने वाले व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाना पूरी तरह अस्वीकार्य है।
‘व्यापारिक जहाजों पर सैन्य हमले चिंताजनक’
भारत के स्थायी प्रतिनिधि हरीश पी. ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में बहस के दौरान कहा कि यह समुद्री मार्ग भारत के लिए बेहद अहम है, क्योंकि देश की ऊर्जा आपूर्ति और व्यापार का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि इस इलाके में व्यापारिक जहाजों पर सैन्य हमले चिंताजनक हैं और इससे न सिर्फ वैश्विक व्यापार प्रभावित होता है बल्कि आम नागरिकों की जान भी खतरे में पड़ती है।
संघर्ष में भारतीय नाविकों की मौत भारत चिंतित
भारत ने इस बात पर भी दुख जताया कि इस संघर्ष में भारतीय नाविकों की जान गई है। हरिश पी. ने कहा कि निर्दोष लोगों की जान जाना बेहद दुखद है और ऐसे हमलों की कड़ी निंदा की जानी चाहिए। उन्होंने दोहराया कि समुद्र में चलने वाले नागरिक जहाजों और उनके कर्मचारियों को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है।


