
इंडिया रिपोर्टर लाइव
इंफाल 06 जुलाई 2026। मणिपुर में शांति बहाली की कोशिशों के बीच एक बार फिर गोलीबारी की दर्दनाक घटना सामने आई है। राज्य के कांगपोकपी जिले में हथियारबंद समूहों द्वारा की गई अचानक फायरिंग में एक 8 साल की मासूम बच्ची और एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। पुलिस ने बताया कि घटना रविवार शाम थिंगखोंगजांग गांव में हुई और घटना में घायल हुए नेन्गनेइचोंग किपजेन (56) और आठ वर्षीय लामनेइंगा किपजेन को देर रात इलाज के लिए इंफाल लाया गया। घायलों को पहले असम राइफल्स कैंप में प्राथमिक उपचार दिया गया और बाद में आगे के इलाज के लिए इंफाल के क्षेत्रीय आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) लाया गया। रिम्स परिसर के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है। कांगपोकपी जिले में जून में गोलीबारी में घायल हुए कुकी समुदाय के तीन युवकों को इलाज के लिए रिम्स में भर्ती कराए जाने पर विरोध-प्रदर्शन शुरू हो गए थे। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया था कि घायलों में हथियारबंद शामिल थे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अस्पताल की इमारत में घुसने की कोशिश की।
रविवार को हुई गोलीबारी की घटना के बाद राज्य में कुकी जनजाति की मुख्य संस्था ‘कुकी इनपी मणिपुर’ (केआईएम) ने हमले पर नाराजगी जाहिर की और आरोप लगाया कि इस गोलीबारी में एनएससीएन (आईएम) और जेडयूएफ (कामसन) का हाथ था। केआईएम ने कहा, निहत्थे आम नागरिकों की बस्ती को जान-बूझकर निशाना बनाना निर्दोष लोगों के खिलाफ आतंकी कार्रवाई से कम नहीं है और यह मानवीय गरिमा और कानून के शासन पर एक गंभीर हमला है। संगठन ने कहा, केंद्र और मणिपुर सरकारों को यह समझना चाहिए कि निर्दोष नागरिकों की सुरक्षा में निरंतर नाकामी से राज्य की संस्थाओं में जनता का भरोसा गंभीर रूप से कमजोर होता है।

