SC का सरकार से सवाल; EWS और OBC के लिए 8 लाख की एक समान आय सीमा कैसे तय की?

Indiareporter Live
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

नई दिल्ली 22 अक्टूबर 2021। मेडिकल टेस्ट नीट के ऑल इंडिया कोटा में ईडब्ल्यूएस कोटे में आरक्षण की सुविधा लेने के लिए लगाई गई शर्त आठ लाख रुपये की वार्षिक आय पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से जवाब मांगा है। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस बीवी नागरत्ना की पीठ ने सरकार से कहा कि आठ लाख रुपये की इस आय सीमा का आधार भी है या सरकार ने यूं ही हवा में से उठाकर ये मानदंड बना दिया। कोर्ट ने पूछा ओबीसी को ईडब्ल्यूएस के साथ कैसे रखा जा सकता है? कोर्ट ने कहा कि आपके पास जनसांख्यिकीय, सामाजिक और सामाजिक आर्थिक डाटा होगा। आपने आठ लाख रुपये की आय सीमा कैसे तय की?, आप गैर बराबर को बराबर कर रहे हैं। ओबीसी में जिनकी आय आठ लाख रुपये से कम है वह सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े हैं, लेकिन संवैधानिक योजना में ईडब्ल्यूएस शैक्षणिक और सामाजिक रूप से पिछड़े नहीं हैं। कोर्ट ने कहा कि वह मानते हैं कि ईडब्ल्यूएस सरकार का नीतिगत मामला है, लेकिन कोर्ट को यह जानने का अधिकार है कि सरकार आठ लाख रुपये की सीमा के इस निर्णय पर कैसी पहुंची? एक मौका ऐसा भी आया जब कोर्ट इस अधिसूचना को स्थगित करने जा रहा था, लेकिन एएसजी ने आग्रह किया सरकार इस बारे में आंकड़े पेश करेगी और दो-तीन दिन में शपथ पत्र पेश कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि इस मामले की अगली सुनवाई 28 अक्तूबर को होगी। अदालत ईडब्ल्यूएस श्रेणी को नीट के ऑल इंडिया कोटे में दस फीसदी और ओबीसी को 27 फीसदी आरक्षण देने की अधिसूचना के खिलाफ नीट उम्मीदवारों की याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है।

कोर्ट के सवाल

  • – क्या सरकार ने ईडब्ल्यूएस श्रेणी को निर्णित करने के लिए कोई अध्ययन किया था?
  • – यदि हां, तो क्या सिन्हो आयोग के मानकों के आधार पर यह तय किया गया?
  • – क्या इस सीमा को तय करते समय शहरी और ग्रामीण खरीद शक्ति को ध्यान में रखा गया था?
  • – संपत्ति के अपवाद का निर्धारण करते समय क्या कोई अध्ययन किया गया था?
  • – आवासीय फ्लैटों का मानक पर मेट्रो शहरों और गैर मेट्रो शहरों में अंतर क्यों नहीं किया गया?

अदालत ने कहा कि ईडब्ल्यूएस और ओबीसी के लिए आठ लाख रुपये की आय सीमा एक ही है, लेकिन ओबीसी में आठ लाख रुपये से ज्यादा आय होने पर पिछड़ापन कम हो जाता है। ऐसी स्थिति में क्या ईडब्ल्यूएस और ओबीसी के लिए आठ लाख रुपये की आय सीमा रखना मनमाना नहीं होगा वह भी तब जब ईडब्ल्यूएस में सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़ेपन की कोई परिकल्पना नहीं है।

Leave a Reply

Next Post

जम्मू-कश्मीर: एनआईए ने आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने की साजिश के मामले में कई स्थानों पर की छापेमारी

शेयर करे इंडिया रिपोर्टर लाइव जम्मू 22 अक्टूबर 2021। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की तरफ से जम्मू-कश्मीर और अन्य प्रमुख शहरों में लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद, हिज़्ब-उल-मुजाहिदीन (एचएम) और अल बद्र द्वारा हिंसक आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने की साजिश के मामले में कई स्थानों पर तलाशी ली गई। घाटी में आम […]

You May Like

मायावती ने मस्जिदों के ध्वस्तीकरण पर उठाए सवाल, बोलीं-सरकार तुरंत रोके अभियान....|....दर्द का इलाज कराने गई महिला की 15 दिन बाद मौत....|....ब्यौहारी में गौशाला की मांग पर बवाल....|....जन्मअष्टमी पर बांके बिहारी मंदिर के डिस्प्ले बोर्ड पर दिखी ऊर्दू की आयतें, हिन्दू संगठनों की आपत्ति....|....पानी का पाउच उधार नहीं दिया तो भड़का युवक....|....लंदन स्क्वैश क्लासिक: क्वार्टर फाइनल में हारकर बाहर हुईं अनाहत सिंह....|....सोने में तेजी का दौर अभी नहीं थमेगा....|....अर्जुन रामपाल: अभिनेता ने 'ओ साथी रे' को लेकर दी अपडेट....|....अवैध प्रवासियों को डिपोर्ट करेंगे यूरोपीय देश....|....सैन्य परिसर के अंदर जोरदार विस्फोट, 10 की मौत, 60 से ज्यादा घायल