
इंडिया रिपोर्टर लाइव
कोलकाता 14 दिसंबर 2025। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस को सॉल्ट लेक स्टेडियम में प्रवेश करने से रोका गया, क्योंकि स्टेडियम में अराजकता और भीड़ की गड़बड़ी के कारण फुटबॉल के दिग्गज लियोनेल मेस्सी के एक कार्यक्रम में बाधा उत्पन्न हुई थी। बोस ने शनिवार शाम को प्रवेश से इनकार किए जाने को राज्यपाल के संवैधानिक पद का अपमान बताया और अधिकारियों से जवाब मांगा। उन्होंने कहा, ‘मैं घटनास्थल देखे बिना कभी रिपोर्ट नहीं लिखता। मेरी रिपोर्ट आधी तैयार है। मैं खुद देखना चाहता हूं कि ग्राउंड जीरो में क्या हुआ था।’
पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने कहा, ‘क्या पश्चिम बंगाल अपने राज्यपाल के साथ ऐसा व्यवहार करता है? राज्यपाल कोई रबर स्टैंप नहीं है।’ उन्होंने इस घटना को संवैधानिक प्राधिकरण की भयावह अप्रासंगिकता करार दिया। बोस ने कहा कि वह रविवार को स्टेडियम का दोबारा दौरा करेंगे और इस मुद्दे की गहराई से जांच करेंगे। उन्होंने कहा, ‘यह कोई व्यक्तिगत अपमान नहीं है। यह राज्यपाल के संवैधानिक पद का अपमान है। अगर सच्चाई राज्यपाल से भी छिपाई जा सकती है, तो शायद यह तो बस बड़ी समस्या का एक छोटा सा हिस्सा है। मैं निश्चित रूप से इसकी पूरी तरह से जांच करूंगा और सच्चाई का पता लगाऊंगा।’
राज्यपाल ने कहा कि पुलिस ने पहले ही जांच शुरू कर दी है और उनकी रिपोर्ट में ‘प्रभावित लोगों के दृष्टिकोण’ को दर्शाया जाएगा। शनिवार को साल्ट लेक स्टेडियम में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब दर्शकों ने मेसी की एक झलक पाने में असफल रहने के बाद तोड़फोड़ मचा दी। फैंस ने आयोजकों पर कुप्रबंधन और वीआईपी कल्चर पर सारा ठीकरा फोड़ा। पुलिस ने कार्यक्रम के मुख्य आयोजक सताद्रु दत्ता को गिरफ्तार कर लिया, जबकि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने घटना की जांच के लिए एक उच्च स्तरीय जांच समिति के गठन की घोषणा की। इससे पहले बोस ने साल्ट लेक स्टेडियम में हुई घटना को कोलकाता के खेल प्रेमियों के लिए एक काला दिन करार दिया था।


