
इंडिया रिपोर्टर लाइव
नई दिल्ली 09 जून 2026। मणिपुर के कांगपोकपी जिले में एक 57 वर्षीय व्यक्ति की जंगल के भीतर गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक को स्थानीय स्तर पर गांव सुरक्षा स्वयंसेवक (विलेज गार्ड) बताया जा रहा है। नगा समुदाय से संबंध रखने वाले चुंगजाबग्लुंग कामुगा पनमेई सोमवार सुबह जलावन लकड़ी इकट्ठा करने के लिए पास के जंगल में गए थे। स्थानीय लोगों के हवाले से अधिकारियों ने बताया कि गोली चलने की आवाज सुनने के बाद ग्रामीणों और पुलिसकर्मियों ने पनमेई की तलाश शुरू की। बाद में उनका शव जंगल में बरामद हुआ, जिस पर कई गोलियों के निशान थे। सिर पर भी गोली लगने के निशान मिले हैं।
यह गांव लोइबोल खुल्लेन के पास स्थित है, जहां 5 जून को हुए एक हमले में एक महिला समेत तीन नागरिकों की मौत हो गई थी। घटना की निंदा करते हुए मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने कहा कि पुलिस और केंद्रीय अर्धसैनिक बल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान चला रहे हैं और दोषियों को कानून के दायरे में लाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवार को हर संभव सहायता देने का आश्वासन दिया। उन्होंने सभी समुदायों से शांति और सौहार्द बनाए रखने, उकसावे में न आने तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। इस बीच, नागा पीपुल्स ऑर्गेनाइजेशन (एनपीओ) ने दावा किया कि पनमेई गांव सुरक्षा स्वयंसेवक के रूप में सेवाएं दे रहे थे और उनकी हत्या को निर्मम एवं सुनियोजित हत्या करार दिया।


