भाजपा सरकार में स्कूली शिक्षा का सिस्टम फेल- कांग्रेस

Indiareporter Live
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

रायपुर, 25 सितंबर 2026। प्राथमिक और मिडिल स्कूलों के तिमाही परीक्षा पत्रों के व्हाट्सएप पर लीक होने और एक दिन पहले ही निजी दुकानों से प्रिंट आउट निकाले जाने पर गंभीर सवाल उठाते हुए प्रदेश कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा है कि साय सरकार में छत्तीसगढ़ की पूरी शिक्षा व्यवस्था वेंटिलेटर पर आ चुकी है। जिस परीक्षा पत्र को अत्यंत गोपनीय और सीलबंद लिफाफे में स्कूलों तक पहुँचना चाहिए था, वह परीक्षा से एक दिन पहले व्हाट्सएप ग्रुपों में तैर रहा है और बाजार में खुलेआम फोटोकॉपी दुकानों पर बिक रहा है। भाजपा सरकार ने राज्य के लाखों नन्हे-मुन्ने बच्चों के भविष्य और परीक्षा प्रणाली की साख को कौड़ियों के भाव बेच दिया है। यह सिर्फ प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के गरीब और ग्रामीण बच्चों के भविष्य के साथ संगीन अपराध है। जरा भी नैतिकता बांकी है तो प्रदेश के शिक्षा मंत्री को तत्काल इस्तीफा दे देना चाहिए।

प्रदेश कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा है कि भाजपा सरकार राज्य में शिक्षा व्यवस्था को ‘‘स्मार्ट’’ बनाने के बड़े-बड़े दावे कर रही है, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि सरकारी परीक्षा प्रणाली को व्हाट्सएप ग्रुप और फोटोकॉपी दुकानों के हवाले कर दिया गया है, इससे परीक्षा की गोपनीयता, निष्पक्षता और साख पूरी तरह खत्म हो चुकी है। पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी व हिंदी माध्यम विद्यालय शुरू कर छत्तीसगढ़ के गरीब बच्चों को विश्वस्तरीय और पारदर्शी शिक्षा प्रणाली निःशुल्क दी थी, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार हर सुविधा का शुल्क वसूल करके भी शासकीय शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता ही खत्म कर रही है। यह सरकार न खुद प्रश्नपत्र भेज पा रही है और न ही स्कूलों को प्रिंटिंग के लिए कोई फंड दे रही है।

प्रदेश कांग्रेस संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में पेपर लीक ही मोदी की गारंटी बन चुका है। पहले भी 14 मार्च 2026 को जो 12वीं हिंदी का पर्चा होना था वह 13 मार्च को ही टेलीग्राम और व्हॉट्सऐप पर घूम रहे थे, हाल ही में कृषि विश्वविद्यालय के दो-दो पेपर लीक हुए, 2024 और 2025 के पीएससी भर्ती परीक्षाओं के वेलवेशन में गड़बड़ी के खिलाफ अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है। अब मिडिल स्कूल के तिमाही की परीक्षा प्रणाली से गरीब, ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों के उन लाखों छात्र-छात्राओं का नुकसान हो रहा है जो पूरी ईमानदारी से पढ़ाई करते हैं। पूरे मामले की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जाँच कराकर दोषी अधिकारियों और विभागीय मंत्री पर कार्रवाई करेगी या इसे भी ‘सामान्य बात’ कहकर दबा दिया जाएगा? क्या भाजपा का यही एकीकृत परीक्षा प्रणाली और शैक्षणिक मॉडल है जहाँ पहली से आठवीं तक के बच्चों को ईमानदारी की जगह शिक्षा में धांधली का पाठ पढ़ाया जा रहा है?

Leave a Reply

Next Post

अंत्योदय के संकल्प के साथ समाज के अंतिम व्यक्ति के उत्थान के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध : मुख्यमंत्री साय

शेयर करेमुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर उन्हें किया नमन इंडिया रिपोर्टर लाइव रायपुर, 25 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में एकात्म मानववाद के प्रणेता और प्रखर राष्ट्रचिंतक पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर उनके छायाचित्र पर […]

You May Like

मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ कांग्रेस का देशभर में प्रदर्शन....|....छत्तीसगढ़ में भारी बारिश, स्कूल बंद, परीक्षाएं रद्द....|....देशी कट्टा लहराकर राहगीरों को धमका रहा था युवक....|....शिकायतकर्ता ही निकली शराब तस्कर....|.... बागमती की उप धारा में नाव पलटी, 15 वर्षीय किशोरी लापता....|....गणेश विसर्जन आज: भोपाल में 1500 झांकियों के साथ निकलेगा चल समारोह....|....हिमाचल निर्वाचन विभाग कार्यालय के बाहर कांग्रेस का प्रदर्शन....|....पर्वतीय जिलों में करवट लेगा मौसम....|....अमित शाह से मिले केशव मौर्य, 2027 के चुनाव और संगठनात्मक गतिविधियों पर हुआ मंथन....|....नेपाल के विदेश मंत्री ने भारत को लेकर खोले पत्ते