बीबीएन में 24 घंटे दवा उत्पादन की तैयारी, एचसीक्यू दवा की मांग को किया जाएगा पूरा

indiareporterlive
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

नालागढ़ । अमेरिका में बहुप्रतिक्षित दवा हाइड्रोक्सी क्लोरोक्वीन (एचसीक्यू) के उत्पादन में बीबीएन के फार्मा उद्योग पसीना बहाने को तैयार हैं। न सिर्फ अमेरिका बल्कि विश्व के दूसरे देशों से भी इस दवा की मांग आती है तो बीबीएन में उत्पादन 24 घंटे शुरू हो जाएगा। दवा निर्माता उद्योगों ने साफ किया है कि किसी भी सूरत में दवाओं की किल्लत नहीं होने दी जाएगी। भारत में दवाओं का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। हालांकि, फार्मा उद्योगों को कच्चे माल की कमी से जूझना पड़ रहा है। इस वजह से फिलहाल 20 फीसदी ही उत्पादन हो रहा है। फार्मा उद्योगों में सिर्फ जरूरत और जीवनरक्षक दवाओं का निर्माण जारी है। जिन दवाओं का उत्पादन हो रहा है, उनमें अमेरिका की सबसे बड़ी जरूरत बन चुकी मलेरिया की दवा हाइड्रोक्सी क्लोरोक्वीन भी शामिल है। उद्योगों ने कर्फ्यू लगने से पूर्व जो कच्चा माल जमा कर लिया था, उसका इस्तेमाल अब दवा निर्माण में हो रहा है। बता दें कि एशिया में खपत होने वाली 45 फीसदी दवाओं का बीबीएन में निर्माण होता है। 

हाइड्रोक्सी क्लोरोक्वीन के अलावा इस समय हार्ट, पीसीएम, बीपी, कफ सिरप का अधिक निर्माण हो रहा है ताकि लोगों को इन जीवन रक्षक दवाओं की कोई कमी न रहे। हिमाचल दवा निर्माता संघ व प्रदेश दवा नियंत्रक प्राधिकरण का कहना है कि प्रदेश में दवाओं की कोई कमी नहीं है और यदि ऑर्डर आते हैं तो हिमाचल प्रदेश के दवा उद्योग उसे बनाने में पूरी तरह से सक्षम हैं।बीबीएन में 630 दवा उद्योग दवा बनाने का काम करते हैं और आजकल कोविड-19 को लेकर बरती जा रही सावधानियों के कारण ट्रांसपोर्टेशन बंद है। बाहरी राज्यों सहित विदेशों से कच्चे माल की कमी हो रही है। ऐसे में उद्योग अपने पास समाहित संसाधनों व कच्चे माल से ही दवाओं का निर्माण कर रहे हैं। हालांकि प्रदेश के उद्योगों को पड़ोसी प्रदेशों से कामगारों को लाने की भी अनुमति जिला प्रशासन दे रहा है, लेकिन कई कामगार पहले से ही अपने घरों को चले गए हैं, जिससे श्रमिकों की भी कमी हो गई है।

हिमाचल दवा निर्माता संघ के प्रदेशाध्यक्ष डॉ. राजेश गुप्ता ने कहा कि भारत दूसरे देशों को मांग के हिसाब से दवा भेजने में सक्षम है। हालांकि, इस समय उद्योगों में मात्र 20 फीसदी ही उत्पादन हो रहा है। लेकिन यदि देश या प्रदेश सरकार से ऑर्डर आते हैं तो दवाओं के निर्माण में तेजी लाई जाएगी। इसके लिए उद्योग दिन-रात काम शुरू कर देंगे। प्रदेश या देश में दवाओं की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। फार्मा उद्योग सभी तरह के हालात से निपटने में पूरी तरह सक्षम और तैयार है। 

दवा नियंत्रक प्राधिकरण के राज्य दवा नियंत्रक नवनीत मरवाहा ने कहा कि उद्योगों में दवाओं का निर्माण कार्य चला हुआ है। प्रदेश के दवा उद्योग इतने सक्षम हैं कि यदि उन्हें ऑर्डर मिलेगा तो उसे पूरा किया जाएगा। फिलहाल जरूरत के हिसाब से उत्पादन जारी है और दवाओं में किसी तरह की कोई कमी नहीं है।

Leave a Reply

Next Post

मस्जिद के अंदर नमाज पढ़ने वाले 40 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज

शेयर करेइंडिया रिपोर्टर लाइव छिंदवाड़ा। छिंदवाड़ा के जिला मुख्यालय से लगभग 38 किलोमीटर दूर एक गांव में लॉकडाउन की अवहेलना कर सामूहिक तौर पर मस्जिद में नमाज अदा करने के आरोप में पुलिस ने एक समुदाय के 40 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस निरीक्षक मुकेश द्विवेदी ने बताया […]

You May Like

जांजगीर-चांपा में घर में फंदे पर लटकी मिली महिला....|....2 लाख रुपए की लूटपाट करने वाले दो आरोपी गिरफ्तार....|....अस्पताल परिसर में जुआ खेलते 12 जुआरी पकड़े, कार-बाइक समेत लाखों का माल जब्त....|....एक करोड़ के बीमा क्लेम में हेराफेरी....|....छत्तीसगढ़ में अगले सप्ताह तक मानसून रहेगा सक्रिय....|....भारी बरिश के चलते रेल परिचालन प्रभावित....|....सिक्किम की निर्माणाधीन टनल पर लैंडस्लाइड, 10 मजदूरों की मौत....|....पेपर लीक मुद्दे पर राहुल गांधी स्पीकर से मिले....|....लोहिया कॉर्प 23 से निवेशकों के लिए खोलेगी 3,547 करोड़ रुपए का पब्लिक इश्यू....|....23 जुलाई से खुलेगा इंडो एमआईएम का ₹3812 करोड़ का आईपीओ