खतरनाक हुआ चक्रवाती तूफान अम्फान, पीएम मोदी ने बुलाई बैठक

indiareporterlive
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव
कोलकाता/भुवनेश्वर । चक्रवाती तूफान अम्फान ने सोमवार को बेहद विकराल रूप ले लिया और इसके चलते अब ओडिशा के तटीय इलाकों में तेज हवाएं चलने के साथ ही भारी बारिश हो सकती है। इस चेतावनी के बाद राज्य सरकार 11 लाख लोगों को इन इलाकों से निकालने की तैयारी में जुट गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शाम चार बजे उच्चस्तरीय बैठक बुलाई है।

चार बजे उच्च स्तरीय बैठक करेंगे पीएम मोदी: अमित शाह

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गृह मंत्रालय (एमएचए) और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के साथ शाम चार बजे बैठक करेंगे। शाह ने ट्वीट किया, ‘चक्रवात की वजह से देश के विभिन्न हिस्सों में उत्पन्न स्थिति की समीक्षा करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी एमएचए और एनडीएमए के साथ शाम चार बजे एक उच्च स्तरीय बैठक करेंगे।

पश्चिम बंगाल और ओडिशा सरकार को परमार्श जारी

गृह मंत्रालय ने पश्चिम बंगाल और ओडिशा सरकार को जारी परामर्श में कहा कि ‘अम्फान’ अब दक्षिणी बंगाल की खाड़ी के मध्य हिस्सों और बगल की मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर मौजूद है। गृह मंत्रालय ने कहा कि यह पिछले छह घंटों से 13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर की ओर बढ़ रहा है।

ओडिशा और पश्चिम बंगाल में 37 एनडीआरएफ टीम तैनात

एनडीआरएफ के महानिदेशक एसएन प्रधान ने कहा कि ओडिशा (सात जिले) और पश्चिम बंगाल (छह जिले) में कुल 37 एनडीआरएफ टीमों को तैनात किया गया है, जिनमें से 20 टीमें आज दिन खत्म होने तक सक्रिय रूप से तैनात की जाएंगी और 17 टीमें तैयार रहेंगी।

शाम तक प्रचंड चक्रवाती तूफान का रूप धारण सकता है अम्फान

चक्रवाती तूफान ‘अम्फान’ आज शाम तक प्रचंड चक्रवाती तूफान का रूप धारण सकता है और बुधवार को 185 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं के साथ यह पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश तट से टकरा सकता है। गृह मंत्रालय ने यह जानकारी दी है।

सरकारी तंत्र हर परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार: गृह सचिव

पश्चिम बंगाल सरकार के गृह सचिव ने बताया कि सरकारी तंत्र हर परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं। राहत शिविरों में भी सामाजिक दूरी के नियम का पालन करने की व्यवस्था की गई है। राहत और बचाव टीमों को संबंधित जिलों में भेज दिया गया है। मुख्य सचिव राजीव सिन्हा ने एक उच्चस्तरीय बैठक में तूफान की स्थिति और इससे निपटने की तैयारियों की समीक्षा की। वहीं ओडिशा के विशेष राहत आयुक्त ने बताया कि गंजम, गजपति, पुरी, जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा, जाजपुर, भद्रक, बालासोर, मयूरभंज, कटक, खुर्दा और नयागढ़ के जिलाधिकारियों को सतर्क रहने को कहा है। जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा, भद्रक और बालासोर पर करीबी नजर रखी जा रही है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने का फैसला स्थिति की समीक्षा के बाद लिया जाएगा। यहां के लगभग 11 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के प्रबंध किए गए हैं।

Leave a Reply

Next Post

कोरोना त्रासदी के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की निष्क्रियता और चुप्पी पर मरकाम के सवाल

शेयर करेकहां हैं आरएसएस और कहां गई उनकी जनसेवा : कांग्रेस पंकज गुप्ताइंडिया रिपोर्टर लाइव रायपुर 18 मई, 2020। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कोरोना त्रासदी के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की निष्क्रियता और चुप्पी पर सवाल खड़े करते हुए कहा है कि जनसेवा का दम भरने वाले खाकी […]

You May Like

मायावती ने मस्जिदों के ध्वस्तीकरण पर उठाए सवाल, बोलीं-सरकार तुरंत रोके अभियान....|....दर्द का इलाज कराने गई महिला की 15 दिन बाद मौत....|....ब्यौहारी में गौशाला की मांग पर बवाल....|....जन्मअष्टमी पर बांके बिहारी मंदिर के डिस्प्ले बोर्ड पर दिखी ऊर्दू की आयतें, हिन्दू संगठनों की आपत्ति....|....पानी का पाउच उधार नहीं दिया तो भड़का युवक....|....लंदन स्क्वैश क्लासिक: क्वार्टर फाइनल में हारकर बाहर हुईं अनाहत सिंह....|....सोने में तेजी का दौर अभी नहीं थमेगा....|....अर्जुन रामपाल: अभिनेता ने 'ओ साथी रे' को लेकर दी अपडेट....|....अवैध प्रवासियों को डिपोर्ट करेंगे यूरोपीय देश....|....सैन्य परिसर के अंदर जोरदार विस्फोट, 10 की मौत, 60 से ज्यादा घायल