
इंडिया रिपोर्टर लाइव
अहमदाबाद 25 जून 2025। अहमदाबाद में गुरुवार को हुए एयर इंडिया विमान हादसे के चलते पूरे देश में शोक का माहौल है। इसी बीच विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार को जानकारी दी कि वे ब्रिटेन के विदेश मंत्री डेविड लैमी, पुर्तगाल के विदेश मंत्री पाउलो रंगेल और कनाडा की विदेश मंत्री अनिता आनंद के संपर्क में हैं। जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट में लिखा कि अहमदाबाद विमान हादसे को लेकर ब्रिटेन, पुर्तगाल और कनाडा के विदेश मंत्रियों से बातचीत की। हमने अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं और साथ ही हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया है।
दुनियाभर से आ रहीं हैं संवेदनाएं
गुरुवार को जब विमान हादसा हुआ, तब विदेश मंत्री एस जयशंकर अपने यूरोप दौरे पर थे। उन्होंने फ्रांस के मार्सिले में फ्रांस के विदेश मंत्री जीन-नोएल बैरोट के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह बहुत दुखद घटना है। साथ ही उन्होंने फ्रांसीसी सरकार और अन्य देशों द्वारा भेजी गई संवेदनाओं के लिए धन्यवाद जताया और कहा कि हादसे की सही जानकारी जांच के बाद ही सामने आएगी।
ब्रिटेन के विदेश मंत्री ने हरसभंव मदद की बात पर दिया जोर
वहीं ब्रिटेन के विदेश मंत्री डेविड लैमी ने भी जयशंकर की पोस्ट को रीपोस्ट करते हुए कहा कि यह हादसा ब्रिटिश और भारतीय परिवारों को गहरे तौर पर प्रभावित करने वाला है। हम इस कठिन समय में भारत को हरसंभव मदद देने को तैयार हैं।
जयशंकर ने सभी देश के नेताओं का जताया आभार
इस हादसे को लेकर रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी, यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लायन, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की और मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज़ू सहित कई देशों के नेताओं ने भारत के प्रति संवेदना व्यक्त की है और हर संभव सहायता देने की बात कही है। विदेश मंत्री जयशंकर ने सभी देशों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस दुख की घड़ी में मिले समर्थन और संवेदनाओं के लिए हम सभी विदेशी नेताओं और सरकारों के आभारी हैं।
हादसे में मारे गए 265 लोग, सिर्फ एक जीवित बचा
बता दें कि गुरुवार को लंदन जा रहा एयर इंडिया का बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर विमान अहमदाबाद से उड़ान भरते ही मेडिकल कॉलेज परिसर से टकरा गया और आग की लपटों में घिर गया। इस भयावह हादसे में 265 लोगों की जान गई, जिनमें कुछ लोग जमीन पर भी शामिल थे। विमान में कुल 242 यात्री और चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनमें से 241 की मौत हो गई और केवल एक व्यक्ति जिंदा बच पाया है, जो इलाजरत है। विमान में 169 भारतीयों के अलावा 53 ब्रिटिश, 7 पुर्तगाली और 1 कनाडाई नागरिक सवार थे।


