आबादी के छोटे से तबके की अदालतों तक पहुंच, सीजेआई रमण बोले-साधनों की कमी से बाधा

Indiareporter Live
शेयर करे

इंडिया रिपोर्टर लाइव

नई दिल्ली 30 जुलाई 2022। देश के प्रधान न्यायाधीश एनवी रमण ने आज कहा कि हमारी असली ताकत युवाओं में है। दुनिया के 1/5 (20 फीसदी या हर पांचवां) युवा भारत में रहते हैं, लेकिन कुशल श्रमिक हमारे कार्यबल का केवल तीन फीसदी हैं। उन्होंने कहा कि हमें अपने देश के कौशल बल का उपयोग करने की आवश्यकता है। सीजेआई रमण ने यह भी कहा कि देश की आबादी का केवल एक छोटा सा हिस्सा ही अदालतों का दरवाजा खटखटा पाता है, जबकि बहुसंख्यक आबादी चुप्पी, जागरूकता और आवश्यक साधनों की कमी के कारण अदालतों तक नहीं पहुंच पाती है। सीजेआई ने यह बात पहले अखिल भारतीय जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सम्मेलन (AILDSA) के सम्मेलन में कही। उन्होंने कहा कि बहुसंख्य लोग न्याय तंत्र तक नहीं पहुंच पाते हैं। न्याय तक पहुंच सामाजिक मुक्ति का एक साधन है। अगर आज हम न्याय के साथ लोगों के दरवाजे तक पहुंच पाए हैं, तो हमें योग्य न्यायाधीशों, उत्साही अधिवक्ताओं और सरकारों को धन्यवाद देना होगा। जस्टिस रमण ने कहा कि देश के अधिकांश लोगों के लिए जिला न्यायिक अधिकारी अदालत से संपर्क का पहला बिंदु होते हैं। न्यायपालिका को लेकर जनता की राय जिला न्यायालय को लेकर उनके अनुभव पर आधारित होती है, इसलिए जिला न्यायालयों को मजबूत करना समय की मांग है। 

न्याय तक आसान पहुंच जरूरी : पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा, ‘ये समय हमारी आजादी के अमृतकाल का समय है। ये समय उन संकल्पों का समय है जो अगले 25 वर्षों में देश को नई ऊंचाई पर ले जाएंगे। देश की इस अमृतयात्रा में व्यापार करने में आसानी और जीवन में आसानी की तरह ही न्याय की आसानी भी उतनी ही जरूरी है।’  पीएम मोदी ने आगे कहा कि किसी भी समाज के लिए न्याय प्रणाली तक पहुंच जितनी जरूरी है, उतनी ही जरूरी न्याय वितरण प्रणाली भी है। इसमें एक अहम योगदान न्यायिक अवसंरचना का भी होता है। पिछले आठ वर्षों में देश के न्यायिक अवसंरचना को मजबूत करने के लिए तेज गति से काम हुआ है। इसे आधुनिक बनाने के लिए 9,000 हजार करोड़ रुपये खर्च किये जा रहे हैं। अखिल भारतीय जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की प्रथम बैठक के उद्घाटन सत्र में केंद्रीय कानून मंत्री किरण रिजिजू भी मौजूद थे। 

जन-जन तक न्याय की पहुंच आज भी बड़ी चुनौती : रिजिजू
अपने संबोधन में केंद्रीय मंत्री रिजिजू ने कहा कि आज पहली बार अखिल भारतीय जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की बैठक दिल्ली में हो रही है। हमारे देश में जन-जन तक न्याय की पहुंच आज भी एक बहुत बड़ी चुनौती है। कानूनी सेवाओं में समता, जवाबदेही और आसान पहुंच जैसी तीन आवश्यकताओं को सुरक्षित करने के लिए हम नागरिकों की भागीदारी को अमल में ला सकते हैं।

Leave a Reply

Next Post

44 और लोगों ने तोड़ा कोरोना से दम, 20 हजार से ज्यादा नए संक्रमित मिले

शेयर करे इंडिया रिपोर्टर लाइव नई दिल्ली 30 जुलाई 2022। देश में कोरोना के नए मरीजों की संख्या में रोजाना उतार-चढ़ाव हो रहा है। शनिवार को 20,408 नए कोरोना संक्रमित मिले हैं। 44 और लोगों ने महामारी के शिकार होकर दम तोड़ दिया। दैनिक संक्रमण दर आज 5.05 फीसदी रही। […]

You May Like

5 लाख पौधों से बदलेगी गड़चिरोली की तस्वीर....|....प्राग की गलियों में मिला सेज़ल शर्मा को सुकून का खजाना....|....रेवती महुरकर की रफ्तार से चौंका बॉलीवुड....|....शिवभक्तों के लिए खुशखबरी: 11 अगस्त से शुरू होगी IRCTC की 7 प्रमुख ज्योतिर्लिंगों की पावन यात्रा, देना होगा सिर्फ इतना किराया....|....कांग्रेस के वरिष्ठ नेता की सड़क दुर्घटना में दर्दनाक मौत, पार्टी में शोक की लहर....|....यूपी की सुरक्षा व्यवस्था होगी हाईटेक, GPS-डैशकैम से लैस होंगे PAC के वाहन, सीएम ने दिए आधुनिकीकरण के निर्देश; महिला सुरक्षा पर होगा खास फोकस....|....उत्तराखंड में बड़ा हादसा: अनियंत्रित होकर पलटी टूरिस्ट गाड़ी, मच गई चीख-पुकार; 18 लोग थे सवार....|....9 लड़कियों के गायब होने का मामला: पंजाब राज्य महिला आयोग ने लिया सुओ-मोटो नोटिस, पुलिस से मांगी रिपोर्ट....|....त्रिपुरा में अमित शाह: भारत-बांग्लादेश सीमा की सुरक्षा व्यवस्था का लेंगे जायजा, अधिकारियों के साथ करेंगे बैठक....|....सिलेंडर विस्फोट के बाद घर में लगी भीषण आग, बुजुर्ग महिला समेत तीन लोगों की मौत